गोसाई जी महाराज, जुंजाला

मंदिर लुणसरा के पास
इतिहास

गोसाई जी महाराज, जुंजाला — इतिहास और महिमा

जुंजाला धाम नागौर ज़िले की जायल तहसील के जुंजाला गाँव में, नागौर–मेड़ता मार्ग पर नागौर से लगभग 30–35 किमी दूर है। यहाँ गुसाईं जी महाराज का मंदिर राम सरोवर (तीर्थ राम सरोवर) के किनारे स्थित है।

लगभग 100 बीघा का तालाब और उसके चारों ओर लगभग 500 बीघा ओरण (गोचर भूमि) इस धाम की पहचान है।

महिमा और आस्था

गुसाईं जी को भगवान विष्णु के वामन अवतार के रूप में पूजा जाता है। मान्यता है कि यहाँ के चरण-चिह्न वहीं हैं जहाँ वामन भगवान ने राजा बलि पर तीसरा पग रखा था। मुसलमान श्रद्धालु इसे “बाबा कदम रसूल” के रूप में मानते हैं — यह हिंदू-मुस्लिम एकता का धाम है।

लोक मान्यता है कि रामदेवरा की यात्रा जुंजाला दर्शन के बिना पूरी नहीं होती; एक कथा में गुसाईं जी और बाबा रामदेव को गुरुभाई बताया जाता है।

स्रोत: Wikipedia: Gusainji Maharaj · Wikipedia: Jhunjhala · वेबदुनिया · IGNCA

जानकारी

मेला, आरती और यात्रा

मेला
चैत्र शुक्ल 1–2 और आश्विन शुक्ल 1–2 (स्रोतों में भाद्रपद व माघ भी बताए गए हैं)
श्रद्धालु
राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, गुजरात, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश से

वीडियो

जुंजाला धाम — जहाँ वामन भगवान ने पाँव रखा, गुसाईं जी महाराज

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